मथुरा: वृंदावन के प्रतिष्ठित संत प्रेमानंद जी महाराज ने हाल ही में अपने भक्तों के साथ एक संवाद में कहा, "क्या तुम समझते हो प्रेमानंद मरने वाला है?" उनके इस कथन ने भक्तों के बीच हलचल मचा दी, जिससे देशभर से श्रद्धालु मथुरा की ओर उमड़ पड़े।
भक्तों की अपार श्रद्धा
प्रेमानंद महाराज के सत्संगों में लाखों की संख्या में भक्त शामिल होते हैं। उनके सरल स्वभाव और गूढ़ आध्यात्मिक ज्ञान के कारण वे सभी समुदायों में सम्मानित हैं। उनके प्रवचनों को सोशल मीडिया पर करोड़ों लोग सुनते और देखते हैं।
आध्यात्मिक संदेश की गहराई
जब एक भक्त ने उनसे पूछा कि यदि उन्हें कुछ हो गया तो भक्तों का क्या होगा, तो संत प्रेमानंद महाराज ने उत्तर दिया, "प्रेमानंद अजर, अमर और अविनाशी है। यह शरीर प्रेमानंद में है, परंतु प्रेमानंद स्वयं शरीर नहीं है।" उन्होंने यह भी कहा, "मैं तुम्हारी खोपड़ी में पहले से ही बैठा हुआ हूं। यदि तुम थोड़ा भी प्रेम करते हो, तो एकांत में बैठकर देखो, तुम्हें तुरंत याद आएगा कि बाबा ने क्या कहा था।"
ये भी पढ़ें: खड़े होकर पानी पिएं या बैठकर? प्रेमानंद महाराज जी की सलाह पर डॉक्टरों ने भी मानी हामी
सोशल मीडिया पर व्यापक प्रभाव
प्रेमानंद जी महाराज के प्रवचन और शिक्षाएं सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से साझा की जाती हैं, जिससे युवा पीढ़ी भी आध्यात्मिकता की ओर आकर्षित हो रही है। उनके संदेश जीवन के गहरे अर्थों को समझने में सहायक होते हैं और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की प्रेरणा देते हैं।
संत प्रेमानंद जी महाराज के इन विचारों ने भक्तों के मन में गहरी छाप छोड़ी है, जिससे उनकी आध्यात्मिक यात्रा और भी सशक्त हुई है।